
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन (Aao Bhog Lagao Pyare Mohan) का संपूर्ण हिंदी पाठ यहां पढ़ें।
आरती पाठ
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
दुर्योधन को मेवा त्यागो,
साग विदुर घर खायो प्यारे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
भिलनी के बेर, सुदामा के तंदुल,
रुचि-रुचि भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
वृंदावन की कुंज गली में,
आओ रास रचाओ मेरे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
राधा और मीरा भी बोले,
मन-मंदिर में आओ मेरे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
गिरी, छुहारा, किशमिश, मेवा,
माखन-मिश्री खाओ मेरे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
सतयुग, त्रेता, द्वापर, कलियुग,
हर युग दर्शन दिखाओ मेरे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
जो कोई तुम्हारा भोग लगावे,
सुख-सम्पत्ति घर आवे प्यारे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
ऐसा भोग लगाओ प्यारे मोहन,
सब अमृत हो जाए प्यारे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
जो कोई ऐसा भोग को खावे,
सो तुम्हारा हो जाए प्यारे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
आओ भोग लगाओ प्यारे मोहन॥
